चेहरे रंगीन बनाते लोग
उदासियां दिलों में रहती
बस चेहरे रंग जाते लोग
होली को सिर्फ रंगों से समझा
काश! दिल के रंग भी समझे होते
मोहब्बत का रंग दिल से जुड़ता
और दर्दे दिल भी रंगे होते
मुस्कानों की महक जुड़ती
उदासियां भी तब हंसी होती..
दिल तक भी तुम उतरे होते
लाल गुलाबी तब लगाते
जब दिल गुलाबी हुए होते
चेहरों पर आने से पहले
काश दिल तक तुम आए होते...
संजय सनम
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