अब सहाड़ा विधानसभा की जनता का मूड क्या है!

फर्स्ट न्यूज:(संजय सनम)

सहाड़ा की जनता अपने निर्णय  पर कायम।
2023का भाजपा उम्मीदवार पितलिया जी को घोषित किया जाए।
2023से पहले तक केंद्रीय सरकार की कमिटी में सम्मानजनक पद दिया जाए।
हमारे नेता को पावर दे पार्टी।धमकियां पार्टी को शोभा नहीं देती।
अब भी बिगड़ी बात बन सकती है अगर पार्टी जनता की नब्ज पकड़ सकती है 

सहाड़ा विधानसभा में बहुत तेज गति से हुए घटनाक्रम में अब पितलिया जी अपनी मर्जी से या दबाव से भाजपा के होने,आदेशों को मानने और प्रचार करने के लिए तेयार हो गए है।
चुंकि सहाड़ा विधानसभा की जनता भाजपा की भक्त से कही अधिक पितलिया जी की भक्त है इसलिए पार्टी ने पितलिया जी से बयान दिलवाया है क्योंकि पार्टी जानती है कि जो घटनाक्रम घटित हुआ उसकी वजह से न सिर्फ सहाड़ा विधानसभा बल्कि उसका प्रभाव राजसमंद में भी पड़ेगा इसलिए पितलिया जी को अपने साथ लेकर बयान दिलवा दिया गया।

अब सहाड़ा विधान सभा क्षेत्र,गंगापुर व अन्य स्थानों से आए फोन कॉल्स में उनके समर्थक उस वीडियो क्लिप में पितलिया जी के चेहरे में मुस्कान की जगह डरा हुआ,मायूस मजबूर चेहरा देख कर और ज्यादा आक्रोशित होते लग रहे है।

क्योंकि न तो चेहरे में वो मुस्कान है और न ही पार्टी ने पितलिया जी के लिए यह घोषणा की है कि पितलिया जी को 2023 का भाजपा उम्मीदवार बनाया जायेगा और इससे पहले उनको केंद्र सरकार की कमिटी में उचित स्थान मिलेगा।

सहाड़ा विधानसभा जनता का मूड ऐसा लगता है कि वो पितलिया जी के कहने पर भी अपना निर्णय बदलने के लिए तब तक नहीं सोचेंगे जब तक पितलिया जी को 2023 का भाजपा उम्मीदवार केंद्रीय नेतृत्व घोषित न कर देगे क्योंकि सहाड़ा के लोग पार्टी का उम्मीदवार श्री पितलिया जी का नाम चाहते है।और उनके साथ जो भी अकल्पित, अवांछनीय घटनाक्रम मीडिया खबरों से जो सामने आ गया उसके लिए पार्टी को उनके जन प्रिय नेता से माफी भी मांगनी चाहिए।और यह माफी सहाड़ा की जनता से मांगी जानी चाहिए क्योंकि पितलिया जनता के दिलो में बसते है।

जनता के मूड को देख कर लगता है कि अब चाहे पितलिया हाथ जोड़ कर कह भी दे तब भी जनता अपना निर्णय तब तक नहीं बदलेगी जब तक पितलिया जी को 2023 का उम्मीदवार घोषित नहीं किया जाएगा।
अगर पार्टी ने जनता  की भावना का सम्मान कर दिया तो सहाड़ा व राजसमंद दोनो सीट भाजपा की झोली में आने की प्रबल संभावना फिर से बन सकती है।

कांग्रेस सरकार ने पितलिया जी पर कोरोना एक्ट के तहत 14दिन का जो नोटिस लगाया है उसके बाद भी भाजपा यह चुनाव तब जीत सकती है जब भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व 2023 के लिए पितलिया जी के नाम को अग्रिम घोषित कर दे।

सहाड़ा की जनता का आक्रोश  अपने चरम सीमा पर है और उसका समाधान सिर्फ उनकी भावनाओं की नब्ज पार्टी पकड़ लेती है तब बिगड़ी हुई बात भी बन सकती है।

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